
उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के कोसीकलां क्षेत्र में हुए सड़क हादसे में गौरक्षक चंद्रशेखर उर्फ ‘फरसा वाले बाबा’ की मौत के मामले में नया अपडेट सामने आया है। पुलिस के अनुसार इस दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल ट्रक चालक की भी इलाज के दौरान अस्पताल में मृत्यु हो गई है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह घटना सड़क दुर्घटना थी, जिसे कुछ लोगों ने गलत तरीके से गौतस्करी से जोड़कर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की।
पुलिस के मुताबिक यह हादसा शुक्रवार रात कोसीकलां इलाके में हुआ, जब घने कोहरे के कारण दो वाहनों की जोरदार टक्कर हो गई। इस दुर्घटना की चपेट में आने से गौरक्षक चंद्रशेखर उर्फ फरसा वाले बाबा की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं जिस ट्रक से टक्कर हुई थी, उसका चालक गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसने बाद में अस्पताल में दम तोड़ दिया।
बाबा के साथी की शिकायत पर पुलिस ने मामले में सड़क दुर्घटना की धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है और जांच जारी है।
हादसे के बाद कुछ असामाजिक तत्वों ने सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर यह अफवाह फैलाई कि घटना गौतस्करी या हत्या से जुड़ी है। इसके बाद कुछ लोगों ने नेशनल हाईवे को जाम कर दिया और पुलिस पर पथराव भी किया। इस दौरान सरकारी कार्य में बाधा डालने की कोशिश की गई। हालात को देखते हुए प्रशासन ने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी और सेक्टर स्कीम लागू कर दी।
मथुरा पुलिस ने मामले में सख्त कार्रवाई करते हुए अब तक 13 लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में दक्ष चौधरी भी शामिल है, जो मथुरा के बाहर का रहने वाला बताया जा रहा है। पुलिस के मुताबिक वह अपने तीन साथियों के साथ फरसा बाबा के आश्रम पहुंचा था और अफवाह फैलाने की कोशिश कर रहा था। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया है।
एसएसपी श्लोक कुमार ने बताया कि घटना से जुड़े अन्य लोगों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। उन्होंने लोगों से अपील की है कि बिना सत्यापन के सोशल मीडिया पर कोई भी भ्रामक जानकारी साझा न करें। पुलिस की डिजिटल टीम ऑनलाइन गतिविधियों पर नजर रख रही है और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ आगे भी कार्रवाई की जाएगी।
Join the conversation — your email will not be published.
Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.